गुप्त नवरात्रि में करें ये 5 अचूक उपाय, हर मनोकामना होगी पूरी

नव दिनों तक चलने वाली गुप्त नवरात्रि में माता के विभिन्न स्वरूपों की पूजा की जाती है और उन्हें प्रसन करने के लिए तरह तरह की साधनाएं भी की जाती है| गुप्त नवरात्रि के पर्व पर मनवांछित फल की प्राप्ति के लिए कुछ उपाय भी किये जाते हैं वहीँ तन्त्र शास्त्र के अनुसार गुप्त नवरात्रि के दिन किये गये उपाय जल्द ही शुभ फल प्रदान करते हैं। धन, नौकरी, संतान, विवाह आदि से जुडी मनोकामनाएं इस 9 दिनों के उपाय से पूरी की जा सकती है।

आइये हम आपको गुप्त नवरात्रि के कुछ अचूक उपायों के विषय में बताते हैं

धन लाभ के लिए उपाय

गुप्त नवरात्रि के दिन सभी कार्यों से निवृत्त होकर उत्तर दिशा की ओर मुख करके पीले आसन पर बैठ जाएँ और अपने सम्मुख तेल के 9 दीपक जला ले और दीपक के सने लाल चावल के एक ढेरी बनाये फिर उसपर श्रीयंत्र रखकर कुमकुम ,फूल,धुप था दीप से पूजन करें। इसके उपरांत एक प्लेट में स्वस्तिक बनाकर अपने सामने रखे और उसकी पूजा करें |पूजा के बाद श्रीयंत्र को अपने पूजा स्थल पर स्थापित कर ले और बाकि की सामग्री को किसी नदी या सरोवर में प्रवाहित कर दे, इस प्रयोग से आपको निश्चित ही घन लाभ के योग बनेंगे।

मनचाही दुल्हन के लिए

मनचाही दुल्हन के लिए गुप्त नवरात्रि के दौरान जो भी सोमवार आये उसी दिन प्रातः काल किसी भी शिव मंदिर जाएँ और शिवलिंग पर दूध ,घी,दही,शहद और शक्कर चढाते हुए अच्छे से साफ करें उसके बाद उस शिवलिंग पर शुद्ध जल चढ़ाये और पूरे मन्दिर को झाड़ू लगाकर साफ करें इसके भगवान शिव को चन्दन ,धुप ,पुष्प,दीप आदि से पूजा अर्चना करें। रात्रि के 10 बजे अपने सम्मुख अग्नि जलाकर ॐ नमः शिवाय मन्त्र का उच्चारण करते हुए घी के द्वारा 108 बार आहुति दे अब 40 दिनों तक नित्य इसी मन्त्र का पांच माला जाप भगवान शिव को अर्पित करें, इसे आपको मनोकामना जल्द ही पूरी हो जाएगी।

यह भी पढ़ें : अपनी राशि के अनुसार चुने उस रंग का पर्स, आपके लिए होगा शुभ

व्यापार में लाभ के लिए

यदि आपके व्यापार में घाटा पड़ रहा है तो आप किसी भी गुप्त नवरात्रि की प्रात: अपने घर के पूजा स्थान पर स्नानादि से निवृत्त होकर एक पटड़े पर लाल रेशमी कपड़ा बिछाएं। इस पर 11 गोमती चक्र और 3 लघु नारियल रखें। रुद्राक्ष या स्फटिक की माला से यह मंत्र पढ़ते जाएं :

‘ऐं क्लीं श्रीं’

इसकी 11 माला करने के बाद, पोटली बांध कर अपनी दुकान या आफिस के मुख्य द्वार पर किसी ऊंचे स्थान पर टांग दें। इसके अलावा आप दक्षिणावर्ती शंख में चावल भर  कर लाल वस्त्र में लपेट कर पूजा स्थान पर किसी सुयोग्य कर्मकांडी द्वारा शुद्धि करवा के इस मंत्र से अभिमंत्रित करवा के स्थापित करवा दे। ऐसा करने से आपकी व्यापार सम्बन्धी सभी परेशानियाँ दूर हो जाएँगी।

दाम्पत्य सुख के लिए

यदि आपका वैवाहिक जीवन अच्छे से नहीं चल रहा है और जीवनसाथी के साथ अनबन लगी रहती है तो नीचे लिखे चौपाई का 108 बार उच्चारण करें और अग्नि में आहुति दे, यदि संभव हो तो जीवनसाथी से भी इस चौपाई का पाठ कराएँ।

चौपाई

‘सब न्र करहिं परस्पर प्रीति

चलहिं स्वधर्म निरत श्रुति निति॥’

Share this on

Leave a Reply